पलवल। जिले में बढ़ते अपराध पर लगाम कसते हुए पलवल पुलिस की सीआईए टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लिफ्ट देने के बहाने लोगों को गन पॉइंट पर लूटने वाली इंटरस्टेट गैंग का खुलासा किया है। सीआईए इंचार्ज रविन्द्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस गिरोह के तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस संबंध में डीएसपी मनोज वर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दी।
डीएसपी मनोज वर्मा ने बताया कि यह गिरोह बेहद शातिर तरीके से वारदात को अंजाम देता था। गिरोह में तीन सदस्य होते थे, जिनमें से दो आरोपी गाड़ी में बैठे रहते थे, जबकि तीसरा आरोपी सड़क किनारे अकेली सवारी को अपने झांसे में लेकर गाड़ी तक लाता था। आरोपी पहले सवारी से उसके गंतव्य स्थान के बारे में पूछकर उसे भरोसे में लेते और फिर रास्ते में आगे जाकर देशी कट्टे के दम पर लूटपाट व डकैती की वारदात को अंजाम देते थे।
पलवल में भी ऐसी कई घटनाएं सामने आने के बाद जिला पुलिस अधीक्षक वरुण सिंगला ने मामले की जांच सीआईए पलवल को सौंपी थी। इसके बाद पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर केएमपी पुल के नीचे से तीन आरोपियों को दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास उर्फ मोटे (त्रिलोकपुरी, मयूर विहार, नई दिल्ली), मुन्ना (देवरिया, गोरखपुर उत्तर प्रदेश) और अजय मिश्रा (त्रिलोकपुरी, दिल्ली) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से आई-10 कार और एक देशी कट्टा भी बरामद किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपियों पर तीन दर्जन से अधिक संगीन मामले दर्ज हैं, जिनमें पलवल जिले के सदर और कैंप थाना क्षेत्र की चार वारदातें भी शामिल हैं। डीएसपी ने बताया कि आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि इनके नेटवर्क और अन्य साथियों का भी खुलासा किया जा सके।