शिमला,3 मार्च -: पंचायत चुनाव से पहले प्रदेश में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा बदलाव प्रस्तावित है। पंचायती राज विभाग ने 84 नई पंचायतों के गठन का प्रारूप जारी कर दिया है। विभाग ने आम जनता से तीन दिनों के भीतर प्रस्तावित पंचायतों को लेकर आपत्तियां और सुझाव मांगे हैं। तय समयावधि के बाद प्राप्त आपत्तियों पर विचार कर अंतिम अधिसूचना जारी की जाएगी। इसके साथ ही नई पंचायतों के गठन पर रोक लगा दी जाएगी, ताकि चुनाव प्रक्रिया समय पर पूरी की जा सके।
जारी ड्राफ्ट के अनुसार कई जिलों में नई पंचायतों का गठन प्रस्तावित है। चंबा जिले में जाऊर, देवी देहरा, सरू, चनेई, घलू और महलोग जैसी पंचायतें बनाई जाएंगी। कांगड़ा जिले में बलदोआ, भगवाल, रोहाड़ा, धाती, बडोली कटियार, पिया का घट्टा, फकलोह, जब्बर, मलोट, समकड़, नगेहड़, बड़ी खास, कंछाल जंगियां, मझेनू, परनोह, कुहरू, भियाल, बड़ोह और उपरेड़ को नई पंचायतों के रूप में प्रस्तावित किया गया है। शिमला जिले में धरोती गुंजारली, भरवाड़ी, सुंदरनगर केवली, मखोट, धमवाड़ी, अटापू बरेड़ी, लछोग, टिक्कर, मंडयालू, कोटीधार और गड़ाह शामिल हैं।इसी प्रकार ऊना जिले में बौल, डंगेड़ा, मलूआल, दिलवा, बडयायू, शिवबाड़ी और दियोली मिन्हासा पंचायतों का गठन किया जाएगा। सिरमौर जिले में कुफ्फर कैंथू, गटाधार, चांदना-दो, कडोली डोची, नाहन-दो, मोगीनंद, नागल सूकेती, नलक और सियासू प्रस्तावित हैं। सोलन जिले में चमाकड़ी, टूईरू, डडाल, जमरोड़ी, कोटला कला, डलचंब, धार भखुयाना, टरांगला, चनियार, घयान और बशील पंचायतों को शामिल किया गया है।
हमीरपुर जिले में संगडोह कलां, जखयोल, दसमल, ककरोहल, बलेहू और बडेई (धनोटू) को नई पंचायतों के रूप में प्रस्तावित किया गया है। कुल्लू जिले में शीला हालन, कनयाल, टीयून और शिल्लीहर-दो शामिल हैं। मंडी जिले में हुक्कल, थाना, कनगो का घरो, गियून और पिहाड़ को नई पंचायतें बनाया जाएगा। किन्नौर में जनकपुरी और शनगो, बिलासपुर में हरि टल्यांगड़ और पनयाली तथा लाहौल-स्पीति में लारा पंचायत प्रस्तावित है।
नई पंचायतों के गठन से कई क्षेत्रों में वार्डों की संख्या और सीमाएं बदलेंगी। इसके चलते आरक्षण रोस्टर को नए सिरे से तैयार करना होगा। साथ ही मतदाता सूचियों का पुनरीक्षण भी अनिवार्य होगा। पंचायत चुनाव 31 मई से पहले कराना आवश्यक है, इसलिए प्रशासन के सामने समयबद्ध तरीके से सभी औपचारिकताएं पूरी करने की चुनौती है। सीमांकन, आपत्तियों का निपटारा, आरक्षण निर्धारण और मतदाता सूची अपडेट जैसे कार्य महज एक महीने में निपटाने होंगे।गौरतलब है कि इससे पहले 43 नई पंचायतों के गठन के बाद प्रदेश में पंचायतों की संख्या 3577 से बढ़कर 3620 हो चुकी है। यदि अब प्रस्तावित 84 पंचायतों को अंतिम स्वीकृति मिलती है, तो कुल पंचायतों की संख्या बढ़कर 3704 तक पहुंच जाएगी।
वहीं श्रीरेणुकाजी विधानसभा क्षेत्र में भी तीन नई पंचायतों के गठन की अधिसूचना जारी की गई है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष एवं विधायक विनय कुमार ने इन पंचायतों के गठन पर क्षेत्रवासियों को बधाई देते हुए कहा कि इससे स्थानीय विकास को गति मिलेगी। उनके अनुसार सांगना पंचायत से गाता मंडवाच, भाटगढ़ से चाडऩा और भवाई पंचायत से कुफ्फर केंथु को नई पंचायतों के रूप में अधिसूचित किया गया है।