Summer Express , चंडीगढ़। मध्यम श्रेणी के सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के चलते पूरे हरियाणा में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। दोपहर बाद प्रदेश के अधिकांश जिलों में बादल छा गए और कई स्थानों पर हल्की बारिश, बूंदाबांदी के साथ ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। तेज हवाओं के कारण खासतौर पर किसानों को नुकसान झेलना पड़ा है।
हिसार, भिवानी, महेंद्रगढ़, चरखी-दादरी, मेवात, सिरसा, फतेहाबाद, रेवाड़ी और गुरुग्राम समेत कई जिलों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। तेज हवाओं के चलते कई क्षेत्रों में गेहूं की फसल गिर गई, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। महेंद्रगढ़ और रेवाड़ी में गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि भी हुई।
मौसम में आए बदलाव का असर तापमान पर भी साफ देखा गया है। प्रदेश के सभी जिलों में न्यूनतम तापमान 13 से 18 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया, जो सामान्य से कम है। हिसार में न्यूनतम तापमान 13.1 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं अधिकतम तापमान भी सामान्य से नीचे बना हुआ है, जिससे मार्च में भी ठंडक का अहसास बना हुआ है।
मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ का असर अगले दो से तीन दिनों तक जारी रहेगा। 21 मार्च तक हरियाणा में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं और कुछ स्थानों पर आंधी व ओलावृष्टि भी हो सकती है।
मार्च के दूसरे पखवाड़े में भी मौसम अपेक्षाकृत ठंडा रहने के संकेत हैं। जहां एक ओर लोगों को गर्मी से राहत मिली है, वहीं दूसरी ओर मौसम की इस मार से किसानों को नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।