Summer Express, पानीपत | पानीपत नगर निगम ने अवैध कॉलोनियों और कब्जाधारियों के खिलाफ सख्त अभियान चलाते हुए कई स्थानों पर तोड़फोड़ की कार्रवाई की। यह कार्रवाई हरियाणा नगर निगम अधिनियम 1994 के तहत पहले जारी नोटिसों की अनदेखी के बाद की गई।
जिलाधीश द्वारा नियुक्त ड्यूटी मजिस्ट्रेट सुमित नांदल की निगरानी में नगर निगम की टीम ने पुलिस बल के सहयोग से अलग-अलग स्थानों पर अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया। बरसत रोड स्थित भैंसवाल मोड़ पर निगम की भूमि पर अवैध रूप से बनाए गए करीब 15 खोखे और एक डेयरी को हटाया गया। वहीं सरदार के डेरा के पास लगभग तीन एकड़ क्षेत्र में विकसित अवैध कॉलोनी में सड़कों और नींव को भी ध्वस्त कर दिया गया।
इसके अलावा विजय नगर क्षेत्र में करीब दो एकड़ में विकसित हो रही कॉलोनी सहित आसपास की लगभग 16 एकड़ में फैली दो अवैध कॉलोनियों में सड़कों और निर्माण कार्यों पर कार्रवाई की गई। उझा रोड स्थित बीबीएम एन्कलेव, उझा गेट के पास और इंडो फार्म के नजदीक भी अवैध निर्माण हटाए गए।
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि अवैध कॉलोनी काटने वाले मालिकों और प्रॉपर्टी डीलरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मामलों में संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तारी भी की जाएगी।
नगर निगम प्रशासन के अनुसार, शहर में कुल 32 अवैध कॉलोनियों की पहचान की गई है, जिनमें से कई को पहले ही दो से तीन बार नोटिस जारी किए जा चुके हैं। अधिकारियों ने आम लोगों से अपील की है कि वे प्लॉट खरीदने से पहले उसकी वैधता की पूरी जांच जरूर करें।
नगर निगम आयुक्त डॉ. पंकज यादव ने कहा कि अवैध कॉलोनियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।