Summer Express, चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार ने करीब 590 करोड़ रुपये के कथित बैंक घोटाले से जुड़े मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कदम उन पर लगे संलिप्तता के आरोपों के बाद उठाया गया है।
निलंबित अधिकारियों में राम कुमार सिंह (आईएएस, एचवाई 2012) शामिल हैं, जो राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग में विशेष सचिव के साथ-साथ पंचकूला मेट्रोपॉलिटन डेवलपमेंट अथॉरिटी में अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी के पद पर तैनात थे। सरकार के आदेश के अनुसार, निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय हरियाणा के मुख्य सचिव कार्यालय (सर्विसेज-1 शाखा), चंडीगढ़ में निर्धारित किया गया है।
इसके अलावा प्रदीप कुमार-1 (आईएएस, एचवाई 2011) को भी निलंबित किया गया है, जो राज्य परिवहन विभाग में निदेशक और विशेष सचिव के पद पर कार्यरत थे। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय भी मुख्य सचिव कार्यालय, हरियाणा (सर्विसेज-1 शाखा), चंडीगढ़ रहेगा।
बताया जा रहा है कि दोनों अधिकारियों के खिलाफ यह कार्रवाई आईडीएफसी फर्स्ट बैंक और एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक से जुड़े लगभग 590 करोड़ रुपये के कथित घोटाले में उनकी भूमिका के आरोपों के आधार पर की गई है।
सरकार की इस कार्रवाई को प्रशासनिक स्तर पर पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।