Summer express, धर्मकोट । किसान नेता सुख गिल मोगा को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट से जमानत मिल गई है। करीब 19 दिनों तक तिहाड़ जेल में रहने के बाद बुधवार देर रात उन्हें रिहा कर दिया गया। जेल से बाहर आते ही समर्थकों और किसान संगठनों के कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
जानकारी के अनुसार, 7 मई 2026 को कौमी इंसान मोर्चा मोहाली के आह्वान पर सुख गिल मोगा अपने साथियों दलजीत सिंह सरपंच, रणजीत सिंह, चंदनदीप महिता और गुरचरण सिंह के साथ गुरुद्वारा बंगला साहिब से जंतर-मंतर तक निकाले जाने वाले विरोध मार्च में शामिल होने के लिए पहुंचे थे।
इसी दौरान दिल्ली पुलिस ने उन्हें रास्ते में ही हिरासत में ले लिया था। बाद में पुलिस ने उनके खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें तिहाड़ जेल भेज दिया था। अब अदालत से जमानत मिलने के बाद उनकी रिहाई हो गई है।
सुख गिल मोगा की रिहाई के बाद किसान संगठनों में उत्साह का माहौल देखा गया। समर्थकों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों की जीत बताते हुए कहा कि किसानों और आम लोगों की आवाज उठाने का संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।
किसान नेताओं ने कहा कि आंदोलन और विरोध प्रदर्शन लोकतांत्रिक व्यवस्था का हिस्सा हैं और जनता के मुद्दों को उठाने के लिए उनका संघर्ष भविष्य में भी जारी रहेगा।