Summer express, बेंगलुरु। कर्नाटक परीक्षा प्राधिकरण (KEA) ने कर्नाटक पुलिस सिविल पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा को लेकर सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही भ्रामक जानकारियों का खंडन किया है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि OMR उत्तर पुस्तिका का नंबर और प्रश्नपत्र का नंबर समान होना आवश्यक नहीं है तथा इस संबंध में फैलाई जा रही खबरें पूरी तरह निराधार हैं।
दरअसल, कर्नाटक पुलिस विभाग में 1,453 पुरुष एवं महिला सिविल पुलिस कांस्टेबल पदों की भर्ती के लिए आयोजित लिखित परीक्षा के बाद सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा था कि अभ्यर्थियों की OMR शीट का नंबर और प्रश्नपत्र नंबर एक-दूसरे से मेल खाना चाहिए। इस अफवाह के चलते कई अभ्यर्थियों में भ्रम और चिंता की स्थिति पैदा हो गई थी।
मामले पर स्पष्टीकरण देते हुए KEA ने कहा कि भर्ती परीक्षा से संबंधित आधिकारिक अधिसूचना, निर्देश पुस्तिका या परीक्षा केंद्रों पर दिए गए मौखिक निर्देशों में कहीं भी यह उल्लेख नहीं किया गया था कि OMR शीट नंबर और प्रश्नपत्र नंबर का एक जैसा होना अनिवार्य है।
प्राधिकरण के अनुसार, OMR उत्तर पुस्तिका में केवल प्रश्नपत्र की सीरीज कोड और वर्जन कोड भरने का प्रावधान है। OMR नंबर और प्रश्नपत्र नंबर का आपस में मिलान करने का कोई नियम या प्रक्रिया निर्धारित नहीं की गई है।
KEA के कार्यकारी निदेशक ने अभ्यर्थियों और आम लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली अपुष्ट और भ्रामक सूचनाओं पर विश्वास न करें। किसी भी जानकारी के लिए केवल KEA की आधिकारिक वेबसाइट और अधिकृत सूचनाओं को ही आधार मानें।
प्राधिकरण ने चेतावनी दी है कि गलत जानकारी फैलाने से अभ्यर्थियों में अनावश्यक भ्रम पैदा होता है, इसलिए तथ्यहीन दावों को साझा करने से बचें और केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करें।