नई दिल्ली | मोदी सरकार ने किसानों और रेलवे क्षेत्र के लिए 6 अहम फैसलों को मंजूरी दी है, जो देश के इंफ्रास्ट्रक्चर और कृषि क्षेत्र के लिए गेमचेंजर साबित हो सकते हैं। इन फैसलों का उद्देश्य सहकारी विकास को बढ़ावा देना, फूड प्रोसेसिंग को आधुनिक बनाना, और रेलवे नेटवर्क को मजबूती देना है।
किसानों को राहत – NCDC को ₹2000 करोड़ की नई योजना
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जानकारी दी कि राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (NCDC) को 2025-26 से 2028-29 तक ₹2000 करोड़ की अनुदान सहायता देने की योजना को कैबिनेट ने मंजूरी दी है। यह योजना सीधे तौर पर देश के 94% किसानों को फायदा पहुंचाएगी।
PM किसान संपदा योजना को मिला नया बजट
प्रधानमंत्री किसान संपदा योजना (PMKSY) के तहत बजट बढ़ाकर अब ₹6520 करोड़ कर दिया गया है।
- ₹1000 करोड़ की राशि फूड टेस्टिंग लैब और इरिडिएशन यूनिट्स की स्थापना पर खर्च होगी।
- योजना के तहत 50 फूड इरिडिएशन यूनिट और 100 NABL-मान्यता प्राप्त लैब स्थापित होंगी।
- ₹920 करोड़ विभिन्न अवसंरचना योजनाओं के लिए अलग से दिए जाएंगे।
रेलवे का मेगा प्लान – 574 किमी नए ट्रैक
रेलवे क्षेत्र में भी कैबिनेट ने इटारसी से नागपुर के बीच चौथी रेल लाइन को मंजूरी दी है।
इसके अलावा, चार मल्टीट्रैकिंग प्रोजेक्ट्स को मंजूरी मिली है, जो महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, बिहार, ओडिशा, झारखंड और पश्चिम बंगाल के 13 जिलों को जोड़ेंगे। इससे रेलवे नेटवर्क में 574 किमी की बढ़ोतरी होगी और ट्रेनों की रफ्तार और समयबद्धता में सुधार आएगा।
सरकार के फैसले – विकास को नई दिशा
सरकार के ये फैसले किसानों को आत्मनिर्भर बनाने और ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि आधारित उद्योग को बढ़ावा देने में सहायक होंगे। साथ ही रेलवे नेटवर्क का विस्तार परिवहन व्यवस्था को अधिक कुशल बनाएगा।
मोदी कैबिनेट का यह पैकेज एक साथ कृषि, सहकारिता और इंफ्रास्ट्रक्चर को गति देने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।