Facebook-f Youtube Summer Express - Header One X-twitter

सरकार ने एकीकृत शहरी निकाय कानून लागू कर 17 गांवों की तहसील बदली

चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए शहरी एवं ग्रामीण दोनों क्षेत्रों के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। सोमवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में हरियाणा नगरपालिका विधेयक-2025 को मंजूरी दी गई। इसके लागू होने के बाद अब तक प्रभावी दो कानून, हरियाणा नगरपालिका अधिनियम 1973 और हरियाणा नगर निगम अधिनियम 1994—पूरी तरह समाप्त हो जाएंगे। सरकार का दावा है कि पूरे राज्य में एक ही कानून लागू होने से शहरी निकायों की कार्यप्रणाली पारदर्शी और एकरूप होगी।

नए कानून का उद्देश्य शहरी निकायों की प्रशासनिक क्षमता बढ़ाना, वित्तीय स्वायत्तता मजबूत करना और सेवा वितरण प्रणाली को सरल बनाना है। यह विधेयक पिछले दो वर्षों में व्यापक स्तर पर की गई समीक्षा और केंद्र सरकार के मॉडल नगरपालिका कानून के आधार पर तैयार किया गया है। मंत्री विपुल गोयल ने इसे शहरी विकास के लिए “मील का पत्थर” बताया, जबकि मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे शहरों में सुशासन के नए मानक स्थापित होंगे।

वित्तीय सुधारों के तहत, निकाय अब सरकार द्वारा तय सीमा में अपने कर और शुल्क स्वयं निर्धारित कर सकेंगे। इससे उनकी आय बढ़ेगी और स्थानीय विकास कार्यों की गति तेज होगी। साथ ही, निकायों की क्रेडिट रेटिंग होने से उन्हें बाजार से ऋण प्राप्त करने का रास्ता भी साफ होगा, जिससे बड़े शहरी प्रोजेक्टों को नई गति मिलेगी।

कैबिनेट बैठक में ग्रामीण प्रशासन से जुड़े एक और अहम प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली। राज्य के छह जिलों—महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, यमुनानगर, फरीदाबाद, सिरसा और झज्जर के 17 गांवों को एक तहसील या उप-तहसील से दूसरी में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया है। यह बदलाव भौगोलिक दूरी, सुविधा और प्रशासनिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए किया गया है। उपायुक्तों की रिपोर्ट और राज्य स्तरीय पुनर्गठन कमेटी की सिफारिशों के बाद इन बदलावों को अंतिम मंजूरी दी गई।

सरकार का कहना है कि नए पुनर्गठन से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को प्रमाण पत्र, रजिस्ट्रेशन और राजस्व से जुड़े कार्यों के लिए बेहतर और तेज सेवाएं मिलेंगी। तहसीलों तक पहुंच की दूरी घटेगी और प्रशासनिक कार्यवाही भी सुचारू होगी।

इन व्यापक सुधारों के साथ हरियाणा सरकार ने शहरी और ग्रामीण प्रशासन में दक्षता बढ़ाने का संदेश दिया है। नए कानून और तहसीली पुनर्गठन से प्रदेश में शासन व्यवस्था को अधिक सुगम और आधुनिक बनाने का लक्ष्य तय किया गया है।

Karuna

infosummerexpress@gmail.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Trending

पहाड़ी कवि सम्मेलन में उठी हिमाचली पहाड़ी बोली को संवैधानिक दर्जा देने की मांग

Summer express/मंडी,धर्मवीर-:देश की सांस्कृतिक राजधानी कहे जाने वाली छोटी काशी मंडी से एक बार फिर पहाड़ी बोली के संरक्षण और संर्वधन की मांग उठी है। सोमवार को शहर में आयोजित हुए पहाड़ी कवि सम्मेलन के माध्यम से पहाड़ी कवियों ने इसके संरक्षण और संवर्धन की मांग उठाई है। इस कवि सम्मेलन में कुल्लू, मंडी और...

नूरपुर में कांग्रेस की संगठनात्मक बैठक, 2027 चुनाव की तैयारियों पर हुआ मंथन

Summer express/संजीव महाजन/नूरपुर-:नूरपुर विधानसभा क्षेत्र के लोक निर्माण विभाग (PWD) विश्राम गृह में कांग्रेस की संगठनात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पूर्व विधायक अजय महाजन ने की, जबकि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत करते हुए संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प दोहराया।...

लंबित देनदारियों और डीए पर अधिसूचना की मांग, पेंशनरों ने सरकार को दिया अल्टीमेटम

Summer express/शिमला/संजू -:हिमाचल प्रदेश संयुक्त पेंशनर संघर्ष समिति ने राज्य सरकार से 31 जुलाई तक छठे वेतन आयोग की लंबित देनदारियों और महंगाई भत्ते की लंबित किश्तों पर अधिसूचना जारी करने की मांग की है। समिति का कहना है कि यदि तय समय सीमा तक सरकार ने कोई फैसला नहीं लिया तो 8 अगस्त को...

अंबाला में गो सेवकों ने गाय को राष्ट्रीय माता घोषित करने की उठाई मांग

Summer express, अंकुर कपूर , अंबाला। गो सेवा, गो रक्षा और गो सम्मान की मांग को लेकर सोमवार को अंबाला में ‘गो सम्मान आवाहन अभियान’ के तहत बड़ी संख्या में गो सेवक और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि एकत्रित हुए। इस दौरान उन्होंने सरकार के नाम ज्ञापन सौंपकर गाय को राष्ट्रीय माता का दर्जा देने की...

हिमाचल में 31 जुलाई तक भारी बारिश का अलर्ट, कई जिलों के लिए ऑरेंज चेतावनी जारी

Summer express/शिमला, संजू-;हिमाचल प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है और आने वाले दिनों में मौसम के और अधिक खराब होने की संभावना जताई गई है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 28 जुलाई से 31 जुलाई तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।...
Summer Express - header one

हम लाते हैं तेज़, साफ़ और भरोसेमंद ख़बरें — शोर के बीच भी सच्चाई तक पहुंचाने वाली।
चाहे ब्रेकिंग न्यूज़ हो या आपके लिए अहम कहानियाँ, हर दिन हम देते हैं समझदारी और रोचक अंदाज़ में कवरेज।

Must Read

©2025- All Right Reserved.