कैथल I कांग्रेस विधायक आदित्य सुरजेवाला ने हरियाणा विधानसभा में कैथल सहित प्रदेशभर के सफाई कर्मचारियों की बदहाल स्थिति को जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने कहा कि कैथल नगर परिषद के सफाई कर्मचारी पिछले दो महीनों से अपनी जायज़ मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं, लेकिन राज्य सरकार उनकी सुध लेने को तैयार नहीं है।
सुरजेवाला ने सदन में सरकार को घेरते हुए कहा कि बीते 11 वर्षों में कैथल में एक भी स्थायी सफाई कर्मचारी की भर्ती नहीं की गई। चुनावों के दौरान ठेकेदारी प्रथा समाप्त करने का वादा किया गया था, लेकिन आज तक उस वादे पर अमल नहीं हुआ, जिससे सरकार की कथनी और करनी में बड़ा अंतर साफ नजर आता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि ठेकेदारों को करोड़ों रुपये के टेंडर दिए जा रहे हैं, जबकि सफाई कर्मचारियों को इतना भी वेतन नहीं मिल रहा कि वे अपने परिवार का गुजारा कर सकें। सफाई कर्मियों की मेहनत और सेवाओं का कोई उचित मूल्य नहीं दिया जा रहा, जो सरासर अन्याय है।
कांग्रेस विधायक ने सरकार से मांग की कि ठेकेदारी प्रथा को तत्काल प्रभाव से समाप्त किया जाए। साथ ही पहले हटाए गए 160 सफाई कर्मचारियों को तुरंत बहाल कर उन्हें स्थायी नियुक्ति दी जाए। उन्होंने कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी करने और वेतन विसंगतियों को जल्द दूर करने की भी मांग की।
आदित्य सुरजेवाला ने बताया कि कैथल में सफाई कर्मचारी लंबे समय से ठेकेदारी प्रथा के खिलाफ और स्थायी भर्ती की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। हाल ही में नगर परिषद कार्यालय के बाहर हुए धरना-प्रदर्शन में उन्होंने स्वयं भाग लेकर कर्मचारियों का समर्थन किया था।
उन्होंने कहा कि यह नीति कर्मचारियों के शोषण पर आधारित है और इसमें जल्द बदलाव किया जाना जरूरी है, ताकि सफाई कर्मचारियों को उनका हक और सम्मान मिल सके।