Bilaspur, Subhash-:पर्यटन विभाग द्वारा मार्कंड मंदिर परिसर में निर्मित तीन मंजिला भव्य सराय भवन आज केवल श्रद्धालुओं की सुविधा तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह आर्थिक रूप से कमजोर और बीपीएल परिवारों के लिए एक मजबूत सहारा बनकर उभरा है। करोड़ों रुपये की लागत से तैयार इस आधुनिक भवन में पार्किंग सहित कई आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जिससे दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को बड़ी राहत मिल रही है।
सराय भवन में श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए सुसज्जित कमरे, विवाह एवं अन्य मांगलिक आयोजनों के लिए विशाल विवाह हाल, स्वच्छ पेयजल, बिजली, शौचालय और अन्य बुनियादी सुविधाएं मौजूद हैं।खास बात यह है कि आईआरडीपी और बीपीएल परिवारों को यहां बेहद कम शुल्क पर ये सुविधाएं दी जा रही हैं। इसका सीधा लाभ उन परिवारों को मिल रहा है जो सीमित आय के कारण अपने बच्चों की शादी या धार्मिक कार्यक्रम भव्य रूप से आयोजित नहीं कर पाते थे।अब ऐसे परिवार कम खर्च में सम्मानजनक ढंग से विवाह और धार्मिक आयोजन कर पा रहे हैं। इससे न केवल उनका आर्थिक बोझ कम हुआ है, बल्कि सामाजिक स्तर पर भी उन्हें एक बेहतर विकल्प मिला है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस भवन के बनने से क्षेत्र में धार्मिक गतिविधियों के साथ-साथ सामाजिक एकजुटता भी बढ़ी है।मंदिर प्रबंधन के अनुसार पर्यटन विभाग की यह पहल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी का भी सशक्त उदाहरण है। मार्कंड मंदिर की यह सराय और भवन आज जरूरतमंद परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं साबित हो रही है।
मंदिर पुजारी: “यह भवन गरीब और बीपीएल परिवारों के लिए बहुत बड़ी सुविधा है। कम खर्च में लोग शादी-विवाह और धार्मिक कार्यक्रम कर पा रहे हैं, यह वाकई सराहनीय पहल है।”