Summer Express,रोहतक | हरियाणा के रोहतक में एक राष्ट्रीय स्तर के पहलवान को मामूली बुखार के दौरान गलत इंजेक्शन लगाने का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि एक फार्मासिस्ट ने बिना चिकित्सकीय अधिकार के बेहोशी का इंजेक्शन लगा दिया, जिससे युवक की हालत बिगड़ गई।
राजस्थान के नीमकाथाना जिले के गांव सिरोही निवासी 21 वर्षीय विजय लांबा, जो राष्ट्रीय स्तर के पहलवान हैं, पिछले डेढ़ साल से रोहतक की देव कॉलोनी स्थित मेहर सिंह अखाड़े में अभ्यास कर रहे थे। उन्हें हल्का बुखार और शरीर में दर्द था। इस दौरान उनका दोस्त उन्हें दवा दिलाने के लिए एक निजी फार्मेसी ‘हेल्थ कॉर्नर’ पर ले गया।
परिजनों का आरोप है कि फार्मेसी संचालक ने विजय को एट्रैक्यूरियम बेसिलेट नामक बेहोशी का इंजेक्शन लगा दिया, जिसका इस्तेमाल आमतौर पर ऑपरेशन के दौरान किया जाता है और इसे केवल प्रशिक्षित एनेस्थेटिस्ट द्वारा ही दिया जाना चाहिए।
इंजेक्शन लगने के बाद विजय बेहोश हो गए। उन्हें पहले पीजीआई ले जाया गया, जहां से बाद में निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। तीन दिन बाद उन्हें होश आया, लेकिन घटना के छह दिन बाद भी वह बोलने की स्थिति में नहीं हैं। डॉक्टरों ने फिलहाल उन्हें अनफिट घोषित किया है।
विजय के बड़े भाई अजय की शिकायत पर पुलिस ने संबंधित फार्मासिस्ट के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। परिजनों का आरोप है कि लापरवाही के चलते एक उभरते खिलाड़ी का करियर खतरे में पड़ गया है।