Summer Express, चंडीगढ़। हरियाणा के पुलिस महानिदेशक (DGP) अजय सिंघल ने सोशल मीडिया पर गन कल्चर, हिंसा और अश्लील व भ्रामक कंटेंट फैलाने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट चेतावनी जारी की है। उन्होंने कहा कि ऐसे किसी भी कंटेंट को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
डीजीपी ने बताया कि 1 जनवरी 2026 से 10 अप्रैल 2026 के बीच हरियाणा पुलिस की कार्रवाई में कुल 6,083 आपत्तिजनक यूआरएल, ऐप्स, वेबसाइट्स और डिजिटल कंटेंट को विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से हटवाया गया है। इनमें मेटा (फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप) से 4,278, यूट्यूब से 1,172, एक्स (पूर्व ट्विटर) से 372, अन्य प्लेटफॉर्म्स से 167, टेलीग्राम से 53, रेडिट से 36 और स्नैपचैट से 5 कंटेंट शामिल हैं।
डीजीपी ने कहा कि हथियारों का महिमामंडन, हिंसा को बढ़ावा देने वाला कंटेंट, महिलाओं और बच्चों का आपत्तिजनक चित्रण तथा हरियाणवी समाज की गलत छवि पेश करने वाले फर्जी या भ्रामक पोस्ट सामाजिक ताने-बाने को नुकसान पहुंचाते हैं। ऐसे मामलों में कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी इस विषय को लेकर बेहद गंभीर हैं और राज्य सरकार समाज में सकारात्मक माहौल बनाए रखने के लिए लगातार सख्त कदम उठा रही है।
डीजीपी ने कहा कि हरियाणा एक शांतिप्रिय और विकासशील राज्य है, जिसने देश के विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। ऐसे में राज्य की छवि को खराब करने वाले किसी भी दुष्प्रचार को रोका जाएगा।
उन्होंने युवाओं और सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स से अपील की कि वे जिम्मेदारी के साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स का उपयोग करें और समाज में सकारात्मक संदेश फैलाएं। साथ ही चेतावनी दी कि कानून व्यवस्था को प्रभावित करने या सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
हरियाणा पुलिस ने दोहराया कि राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की असामाजिक गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।