Summer express/ऊना, राकेश -:जिला ऊना में माता-पिता को खो चुकी दो मासूम बहनों के जीवन में अब उम्मीद की नई किरण जगी है। गांव ठठल की रहने वाली आंचल चौधरी और उसकी छोटी बहन वेदिका को उनके मामा डॉ. नवदीप कुमार का सहारा मिल गया है। दोनों बच्चियों की कस्टडी अब आधिकारिक रूप से उनके मामा को सौंप दी गई है।
जानकारी के अनुसार आंचल प्लस वन की छात्रा है, जबकि वेदिका सातवीं कक्षा में पढ़ती है। वर्ष 2015 में दोनों बहनों के पिता का निधन हो गया था। इसके बाद उनकी मां ने ही बच्चों की परवरिश की जिम्मेदारी संभाली, लेकिन अप्रैल 2026 में मां की भी मौत हो गई। माता-पिता दोनों को खोने के बाद बच्चियां पूरी तरह अकेली और बेसहारा हो गई थीं।ऐसे मुश्किल समय में उनके मामा डॉ. नवदीप कुमार आगे आए और बच्चियों की देखभाल की जिम्मेदारी लेने का फैसला किया। उन्होंने ए बैंच ऑफ मैजिस्ट्रेट ऊना के समक्ष बच्चियों की कस्टडी के लिए आवेदन किया। मामले की सुनवाई के बाद जिला चाइल्ड वेलफेयर एंड प्रोटेक्शन कमेटी ऊना के चेयरमैन मनीश राणा तथा सदस्यों अश्विनी लम्बड़दार और सिद्धार्थ कौशल ने सभी पहलुओं की समीक्षा की। इसके बाद बच्चियों की कस्टडी डॉ. नवदीप कुमार को सौंपने का निर्णय लिया गया।सुनवाई के दौरान परिवार के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे और बच्चियों के बेहतर भविष्य की कामना की गई।