बेरोजगारी पर तंज कसने को युवाओं ने बनाई कॉकरोच जनता पार्टी, क्या है इसकी असली कहानी
अनोखा संविधान CJP ने 24 घंटे में जुटाए हजारों फॉलोअर्स
Summer express/ चंदन स्वप्निल /चंडीगढ़-:आज हर जेन-जी वाला खुद को मैं भी कॉकरोच कहकर संबोधित कर रहा है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और ‘एक्स’ पर आज एक अनोखे नाम की खूब चर्चा हो रही है ‘कॉकरोच जनता पार्टी’(CJP)। नाम सुनते ही लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर यह कैसी पार्टी है, इसे किसने शुरू किया और इसका मकसद क्या है। दिलचस्प बात यह है कि इस डिजिटल पार्टी को कई बड़े नेताओं का भी समर्थन मिलता दिखाई दे रहा है। अमेरिका में रहते अभिजीत दिपके इसके संस्थापक हैं और अकाउंट के बायो में इसे युवाओं के लिए और युवाओं द्वारा बनाया गया सियासी मोर्चा बताया गया है।
अभिजित दिपके पर ये आरोप भी लग रहा है कि वे आप और अन्ना आंदोलन से जुड़े रहे। अभिजित कहते हैं कि उनका सियासी विचारधारा है। वे मानते हैं कि ये मजाक में शुरू जरूर किया गया लेकिन आगे चलकर ये एक गंभीर सियासी मंच बन सकता है। दरअसल, कुछ दिन पहले सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सूर्याकांत के एक बयान को लेकर सोशल मीडिया पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया था। कथित तौर पर नौकरी और बेरोजगारी के संदर्भ में दिए गए बयान में बेरोजगार युवाओं की तुलना ‘कॉकरोच’ से किए जाने को लेकर युवाओं में नाराजगी देखने को मिली। इसी विवाद के बीच ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ नाम से सोशल मीडिया अकाउंट सामने आया, जिसने खुद को राजनीतिक व्यंग्य मंच के रूप में पेश किया। यह कोई वास्तविक या चुनाव आयोग में पंजीकृत राजनीतिक पार्टी नहीं है, बल्कि युवाओं की बेरोजगारी, सिस्टम और राजनीति पर तंज कसने वाला एक डिजिटल अभियान है।
इस पार्टी की सदस्यता के लिए भी मजेदार शर्तें रखी गई हैं। अकाउंट के अनुसार सदस्य वही बन सकता है जो बेरोजगार और आलसी हो, साथ ही दिन में कम से कम 11 घंटे सोशल मीडिया पर सक्रिय रहकर भड़ासी हो। इसी व्यंग्यात्मक अंदाज के कारण यह पेज तेजी से वायरल हो गया। यही नहीं सबसे मजेदार पहलू ये रहा कि तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा और कीर्ति आज़ाद जैसे नेताओं ने भी इस अकाउंट को फॉलो किया, जिसके बाद इसकी चर्चा और तेज हो गई। बताया जा रहा है कि महज 24 घंटे के भीतर इस अकाउंट ने हजारों फॉलोअर्स जुटा लिए थे। फिलहाल इस पेज से 33 हजार से ज्यादा यूजर्स जुड़ चुके हैं। इसके 4.6 मिलियन फॉलोअर्स हैं। यह अकाउंट अपने फॉलोअर्स को मजाकिया अंदाज में ‘कॉकरोच’ कहकर संबोधित करता है। सोशल मीडिया पर यह पेज अब बेरोजगार युवाओं की नाराजगी, राजनीतिक व्यंग्य और सिस्टम पर कटाक्ष का नया डिजिटल मंच बनकर उभर रहा है।
ये है इसका मैनीफेस्टो
अगर CJP सत्ता में आती है, तो किसी भी CJI को रिटायरमेंट के बाद राज्यसभा सीट नहीं मिलेगी। अगर वैध वोट को हटाया CEC पर UAPA लगाया जाएगा, नागरिकों का मताधिकार छीनना आतंकवाद से कम नहीं है।महिलाओं को 50% आरक्षण दिया जाएगा, वह भी संसद की सीटें बढ़ाए बिना और कैबिनेट में भी 50% पद आरक्षित होंगे।अंबानी और अडानी के स्वामित्व वाले सभी मीडिया हाउसों के लाइसेंस रद्द किए जाएंगे, ताकि वास्तव में स्वतंत्र मीडिया को जगह मिल सके। साथ ही गोदी मीडिया एंकरों के बैंक खातों की जांच कराई जाएगी। कोई भी विधायक-सांसद पार्टी छोड़कर दूसरी पार्टी में जाता है, तो 20 साल तक चुनाव लड़ने और किसी भी सार्वजनिक पद पर रहने से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा।