Summer express, सुंदर कुंडू ,पलवल। पलवल की जाट धर्मशाला में आयोजित भाईचारा स्नेह मिलन समारोह में हरियाणा के पूर्व वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की, जबकि खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम विशिष्ट अतिथि के तौर पर मौजूद रहे। कार्यक्रम में विभिन्न समाजों के लोगों ने भाग लिया और सामाजिक एकता, भाईचारे तथा सौहार्द को मजबूत करने का संदेश दिया गया।
समारोह को संबोधित करते हुए कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में आयोजित किए जा रहे भाईचारा स्नेह मिलन कार्यक्रमों का उद्देश्य सभी वर्गों और 36 बिरादरियों के बीच आपसी प्रेम, विश्वास और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में यह जागरूकता बढ़ी है कि किसी के बहकावे में आए बिना सभी समुदाय मिल-जुलकर प्रदेश के विकास और सामाजिक सद्भाव के लिए कार्य करें।
इस दौरान कैप्टन अभिमन्यु ने वर्ष 2016 के जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुई हिंसा और आगजनी का भी उल्लेख किया। उन्होंने बिना किसी का नाम लिए आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक लोगों ने सत्ता जाने के बाद युवाओं को भड़काने और प्रदेश का माहौल खराब करने का प्रयास किया था। उन्होंने कहा कि उस समय एक सोची-समझी राजनीतिक साजिश के तहत भोले-भाले युवाओं को गुमराह किया गया, जिसके कारण प्रदेश को भारी नुकसान उठाना पड़ा। उन्होंने कहा कि जो लोग साजिश रचते हैं, वे भले ही कानून से बच जाएं, लेकिन उन्हें अपने कर्मों का फल अवश्य मिलता है।
कॉकरोच जनता पार्टी द्वारा किए गए प्रदर्शन और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर पूछे गए सवाल पर कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि नीट पेपर लीक मामले में जांच एजेंसियां सक्रिय हैं और सीबीआई जांच लगातार आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि मामले में शामिल दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
वहीं खेल राज्यमंत्री गौरव गौतम ने भाईचारा स्नेह मिलन कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन सामाजिक एकता को मजबूत करने का कार्य करते हैं। एसआईआर को लेकर कांग्रेस द्वारा की जा रही बयानबाजी पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि यह एक नियमित और स्थापित प्रक्रिया है, लेकिन कांग्रेस भ्रम और गलत जानकारी फैलाकर राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता अब ऐसे प्रयासों को भली-भांति समझ चुकी है।
कार्यक्रम के दौरान सामाजिक सौहार्द, एकता और भाईचारे को बढ़ावा देने का संदेश प्रमुखता से दिया गया तथा विभिन्न समुदायों के प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार साझा किए।