लक्की मेहता | लुधियाना
समर न्यूज
डीएमसी एंड हॉस्पिटल के क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग के प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष डॉ. पीएल गौतम और ट्रांसप्लांट कोऑर्डिनेटर संदीप सिंह को मृतक अंगदान और अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए राष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित किया गया है।
यह सम्मान भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के तहत नेशनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन की ओर से 3 अगस्त को नई दिल्ली में आयोजित 16वें भारतीय अंगदान दिवस समारोह में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने प्रदान किया। यह पुरस्कार डीएमसी एंड हॉस्पिटल द्वारा मृतक अंगदान को बढ़ावा देने और अंग प्रत्यारोपण के माध्यम से गंभीर मरीजों को नया जीवन देने के प्रयासों की सराहना के रूप में दिया गया। डॉ. पीएल गौतम ने कहा कि अंगदान मानवता की सबसे बड़ी सेवा है। किसी प्रियजन को खोने के दुख के बीच अंगदान का फैसला कई जरूरतमंद मरीजों को नया जीवन दे सकता है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन सभी अंगदाताओं और उनके परिवारों को समर्पित है, जिन्होंने कठिन समय में भी दूसरों की जिंदगी बचाने का फैसला लिया। साथ ही ट्रांसप्लांट टीम और ग्रीन कॉरिडोर जैसी व्यवस्थाएं उपलब्ध कराने वाले प्रशासनिक अधिकारियों का भी इसमें महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
उन्होंने कहा कि यह सम्मान भविष्य में अंगदान के प्रति लोगों को जागरूक करने और प्रत्यारोपण सेवाओं को और मजबूत बनाने की प्रेरणा देगा। डीएमसी एंड एच मैनेजिंग सोसायटी के सचिव बिपिन गुप्ता ने कहा कि नेशनल ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन का यह राष्ट्रीय सम्मान पूरे डीएमसी परिवार के लिए गर्व की बात है। उन्होंने डॉ. पी. एल. गौतम, डॉ. गुरसागर सिंह साहोता, डॉ. संगम पापनेजा, डॉ. सुनीत कथूरिया, संदीप सिंह और पूरी ट्रांसप्लांट टीम को बधाई देते हुए कहा कि उनकी मेहनत और समर्पण से कई मरीजों को नई जिंदगी मिली है।
डीएमसी एंड हॉस्पिटल के प्राचार्य डॉ. जीएस वांडर ने कहा कि यह सम्मान अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में डीएमसी की उत्कृष्ट सेवाओं का प्रमाण है। अस्पताल आगे भी नैतिक अंगदान को बढ़ावा देने और बेहतर प्रत्यारोपण सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम करता रहेगा।