Chamba, Manjur
चुराह विधानसभा क्षेत्र के नागरिक अस्पताल तीसा में स्टाफ की कमी के चलते लोगों को लगातार दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में जहां 15 डॉक्टरों के पद स्वीकृत हैं, वहीं फिलहाल केवल 6 डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं। इसके अलावा, एक डॉक्टर पीजी के लिए बाहर गए हैं।
इसी तरह, 22 स्टाफ नर्सों के पदों के मुकाबले सिर्फ 5 नर्सें ड्यूटी पर तैनात हैं।
बताया जा रहा है कि नागरिक अस्पताल तीसा पर लगभग एक लाख की आबादी निर्भर है। सरकार ने इस अस्पताल को 100 बेड का अस्पताल तो घोषित कर दिया, लेकिन पर्याप्त स्टाफ न मिलने के कारण मरीजों को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए परेशान होना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्टाफ की कमी से अस्पताल में चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं और कई बार मरीजों को निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ता है।
वहीं, इस बारे में नागरिक अस्पताल तीसा के खंड चिकित्सा अधिकारी (BMO) डॉ. ऋषि पुरी ने बताया कि अस्पताल में 15 डॉक्टरों के पद स्वीकृत हैं, लेकिन वर्तमान में 6 डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं, जबकि एक डॉक्टर पीजी के लिए बाहर गए हैं।
डॉ. पुरी ने कहा कि 22 स्टाफ नर्सों के पद स्वीकृत हैं, जिनमें से केवल 5 नर्सें कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि हालांकि यह एक बड़ा नागरिक अस्पताल है, लेकिन इन दिनों मरीजों की संख्या अपेक्षाकृत कम है।
हालांकि, उन्होंने माना कि जब ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ जाती है, तब स्टाफ की कमी के कारण काफी दिक्कतें पेश आती हैं।
डॉ. ऋषि पुरी, बीएमओ तीसा
नागरिक अस्पताल तीसा में 15 डॉक्टरों के पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 6 डॉक्टर फिलहाल सेवाएं दे रहे हैं और एक डॉक्टर पीजी के लिए बाहर हैं।स्टाफ नर्सों के 22 पदों में से 5 नर्सें कार्यरत हैं।जब ओपीडी में ज्यादा भीड़ होती है, तो कुछ दिक्कतें आती हैं, लेकिन फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है।