चंडीगढ़। हरियाणा में वायु प्रदूषण की स्थिति लगातार भयावह होती जा रही है। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों में बहादुरगढ़ देश का सबसे प्रदूषित शहर दर्ज किया गया है। पिछले 24 घंटों में यहां एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 466 रिकॉर्ड किया गया, जो ‘गंभीर’ (Severe) श्रेणी में आता है। इसके साथ ही रोहतक का औसत AQI 430 रहा, जो इसे भी देश के सर्वाधिक प्रदूषित जिलों की सूची में शामिल करता है।
खास बात यह है कि बहादुरगढ़ और रोहतक, दोनों का AQI देश की राजधानी दिल्ली (AQI 404) से भी अधिक दर्ज किया गया। प्रदूषण विशेषज्ञों के अनुसार, इस स्तर का AQI सांस लेने में गंभीर दिक्कतें, आंखों में जलन, और हृदय व फेफड़ों के मरीजों के लिए अत्यधिक खतरा उत्पन्न करता है।
स्कूलों में बढ़ते प्रदूषण को लेकर निर्देश जारी, 5वीं तक फिजिकल क्लासेस पर रोक का अधिकार जिलों को प्रदेश में वायु गुणवत्ता की बिगड़ती स्थिति को देखते हुए शिक्षा निदेशालय ने बड़ा कदम उठाया है। निदेशालय ने सभी जिलों के डिप्टी कमिश्नरों (DC) को पत्र जारी करते हुए निर्देश दिया है कि दिल्ली-NCR क्षेत्र में अत्यधिक प्रदूषण को देखते हुए कक्षा 5वीं तक की फिजिकल क्लासेस पर अस्थायी रोक लगाई जा सकती है।
निर्देशों के अनुसार:
- हालात गंभीर होने पर DC अपने स्तर पर स्कूलों को बंद करने का निर्णय ले सकते हैं।
- कक्षा 5 तक के छात्रों को ऑनलाइन या हाइब्रिड मोड से पढ़ाई करवाई जाए।
- बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए विद्यालयों को तत्काल आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है।
शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया कि दिल्ली-NCR क्षेत्र में लगातार बढ़ रहा प्रदूषण बच्चों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है। इसलिए जिलों को स्थिति अनुसार त्वरित निर्णय लेने के लिए अधिकृत किया गया है।