सोलन | सोलन जिले की कसौली अदालत में हरियाणा भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली और सिंगर रॉकी मित्तल के खिलाफ दर्ज गैंगरेप मामले में बुधवार को अहम सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। अब इस मामले में अगली सुनवाई 8 जनवरी को होगी, जिस दिन अदालत यह तय करेगी कि पुलिस द्वारा दाखिल क्लोजर रिपोर्ट को स्वीकार किया जाए या फिर मामले की जांच दोबारा शुरू की जाए।
सुनवाई के दौरान पीड़िता पक्ष के वकील ने अदालत में पुलिस की क्लोजर रिपोर्ट पर सवाल उठाए। उन्होंने दलील दी कि जांच के दौरान पीड़िता का पक्ष पूरी तरह से नहीं सुना गया और कई महत्वपूर्ण तथ्यों को रिपोर्ट में शामिल नहीं किया गया। पीड़िता के वकील का कहना था कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच नहीं हुई, ऐसे में क्लोजर रिपोर्ट को स्वीकार करना न्यायसंगत नहीं होगा। उन्होंने अदालत से मांग की कि पूरे मामले की दोबारा जांच कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
वहीं सरकारी पक्ष की ओर से पेश वकील ने पुलिस जांच का बचाव किया। उन्होंने कहा कि पुलिस ने सभी तथ्यों, साक्ष्यों और बयानों के आधार पर पर्याप्त समय लेकर जांच पूरी की है और उसी के बाद क्लोजर रिपोर्ट दाखिल की गई। सरकारी वकील के अनुसार, जांच प्रक्रिया पूरी तरह कानूनी और निष्पक्ष रही है, इसलिए क्लोजर रिपोर्ट को सही माना जाना चाहिए।
अब कसौली कोर्ट के फैसले पर सभी की नजरें टिकी हैं। 8 जनवरी को अदालत यह स्पष्ट करेगी कि पुलिस की क्लोजर रिपोर्ट को मंजूरी दी जाएगी या फिर मामले में दोबारा जांच के आदेश दिए जाएंगे। इस फैसले को मामले की दिशा तय करने वाला अहम मोड़ माना जा रहा है।