चंडीगढ़ | पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने हरियाणा की भाजपा सरकार पर प्रदेश के कई गंभीर मुद्दों में असफलता और अनदेखी का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि बजट सत्र आने वाला है, लेकिन पिछली सरकार की घोषणाएं आज तक पूरी नहीं हो सकीं। विशेषकर नई विधानसभा भवन का प्रस्ताव ठंडे बस्ते में पड़ा हुआ है, जबकि सरकार इस पर चुप्पी साधे हुए है।
हुड्डा ने कहा कि सरकार ने लोगों पर आर्थिक बोझ बढ़ाने के लिए ईडीसी (एक्सटर्नल डेवलपमेंट चार्ज) बढ़ा दिया है। इसके अलावा, उन्होंने कहा कि राज्य में घोटाले लगातार हो रहे हैं और किसानों को फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा, जबकि धान घोटाला अब किसी से छिपा नहीं है। उन्होंने परिवार पहचान पत्र जारी करने में हो रही समस्याओं पर भी चिंता जताई।
पूर्व मुख्यमंत्री ने बुजुर्गों की पेंशन कटौती और गरीबों के राशन कार्ड से अनावश्यक कटौती पर भी सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि कोई भी जिम्मेदार व्यक्ति इन समस्याओं की सुनवाई नहीं कर रहा।
हुड्डा ने प्रदेश में वोट चोरी, उद्योगों का हरियाणा से पलायन और महंगी बिजली दरों में संभावित वृद्धि को भी मुद्दा बनाया। उन्होंने कहा कि राज्य में युवाओं को रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं मिल रहे, और नशा व अपराध पर सरकार का नियंत्रण न के बराबर है।
उन्होंने यह भी कहा कि पिछले 11 वर्षों में प्रदेश में कोई नया संस्थान नहीं बना, जबकि आमजन पहले से ही महंगी बिजली, बेरोजगारी और बढ़ते अपराध से परेशान हैं।
हुड्डा के अनुसार, प्रदेश में जनता को राहत देने और विकास सुनिश्चित करने के लिए सरकार को कदम उठाने और पूर्व घोषणाओं को पूरा करने की तत्काल आवश्यकता है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे इन मुद्दों पर ध्यान दें और प्रदेश सरकार से जवाबदेही की मांग करें।