शिमला ,संजू -:हिमाचल प्रदेश की राजनीति में उस वक्त तीखी बयानबाजी शुरू हो गई जब नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर द्वारा प्रदेश की तुलना पाकिस्तान से करने वाला बयान सामने आया। इस टिप्पणी पर कांग्रेस ने कड़ा रुख अपनाते हुए इसे न सिर्फ गैरजिम्मेदाराना बल्कि राज्य की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला करार दिया है। कांग्रेस महासचिव विनोद जिंटा ने इस बयान को “मानसिक दिवालियापन” बताते हुए जयराम ठाकुर के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
विनोद जिंटा ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश को देवभूमि कहा जाता है और इसकी तुलना पाकिस्तान जैसे देश से करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या प्रदेश में किसी प्रकार की आतंकी गतिविधियां हो रही हैं, जो ऐसी तुलना की जाए। जिंटा ने कहा कि जयराम ठाकुर जैसे अनुभवी नेता से इस तरह की बयानबाजी की उम्मीद नहीं की जा सकती, खासकर तब जब वे मुख्यमंत्री जैसे महत्वपूर्ण पद पर रह चुके हैं।उन्होंने आगे कहा कि इस प्रकार के बयान केवल मीडिया में बने रहने के लिए दिए जा रहे हैं, जो प्रदेश की गरिमा के साथ खिलवाड़ है। जिंटा ने यह भी आरोप लगाया कि ऐसे बयान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल की छवि को धूमिल करते हैं, जिससे पर्यटन और निवेश पर भी नकारात्मक असर पड़ सकता है।
प्रदेश की आर्थिक स्थिति को लेकर भी कांग्रेस नेता ने भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान वित्तीय संकट के लिए केंद्र सरकार जिम्मेदार है। जिंटा के अनुसार, केंद्र द्वारा राजस्व घाटा अनुदान (RDG) में कटौती की गई है और मनरेगा सहित कई योजनाओं के बजट में कमी की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि विधानसभा में जब भी प्रदेश के हितों की बात उठी, भाजपा नेताओं ने सहयोग करने के बजाय वॉकआउट किया।इसके अलावा जिंटा ने भाजपा को लोकतंत्र विरोधी बताते हुए कहा कि पार्टी का ध्यान जनता की समस्याओं से ज्यादा सत्ता हासिल करने पर केंद्रित है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस सरकार एकजुट होकर काम कर रही है और आगामी पंचायत चुनावों में बेहतर प्रदर्शन करेगी।