Summer express, पणजी। गोवा पुलिस की क्राइम ब्रांच ने अंतरराज्यीय हेरोइन तस्करी से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए उसके कथित सरगना को उत्तर प्रदेश के बहराइच से गिरफ्तार किया है। पुलिस का दावा है कि यह गिरोह कई राज्यों में सक्रिय था और मादक पदार्थों की सप्लाई का संगठित नेटवर्क संचालित कर रहा था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस मामले की जांच 20 मई को शुरू हुई थी, जब क्राइम ब्रांच ने मांडोवी पुल के नीचे स्थित बेतिम जेटी के पास थोक मछली बाजार क्षेत्र में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान दो नेपाली नागरिकों—36 वर्षीय अर्जुन बिस्वोकर्मा और 25 वर्षीय चेतकंत ओली—को गिरफ्तार किया गया। उनके कब्जे से करीब 39.88 ग्राम हेरोइन बरामद हुई, जिसकी अनुमानित कीमत 8.88 लाख रुपये बताई गई है।
पूछताछ और तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस ने गिरोह के एक अन्य सदस्य नारीशोर भंडारी को भी गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि आरोपी मोबाइल फोन के माध्यम से उत्तर प्रदेश के बहराइच में बैठे एक सप्लायर से हेरोइन मंगवाते थे। मादक पदार्थों की खरीद के लिए ऑनलाइन बैंकिंग के जरिए भुगतान किया जाता था, जिससे नेटवर्क के संगठित और तकनीक आधारित संचालन का खुलासा हुआ।
आगे की जांच में पुलिस ने मुख्य आरोपी की पहचान बहराइच निवासी इखलाक अहमद उर्फ मन्ना मलिक के रूप में की। क्राइम ब्रांच की टीम ने उत्तर प्रदेश पहुंचकर उसे गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों का कहना है कि मलिक इस पूरे नेटवर्क के संचालन में अहम भूमिका निभा रहा था और विभिन्न राज्यों में हेरोइन की आपूर्ति से जुड़ा हुआ था।
पुलिस अब इस गिरोह से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान करने, मादक पदार्थों की सप्लाई चेन का पता लगाने और नेटवर्क की वित्तीय गतिविधियों की जांच में जुटी है। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ के दौरान इस तस्करी रैकेट से जुड़े कई और महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। फिलहाल आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।